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हरियाणा में सरकारी कामकाज पूरी तरह होगा डिजिटल! सभी विभागों में ई-ऑफिस प्रणाली अनिवार्य, मुख्य सचिव ने दिए निर्देश

चंडीगढ़: हरियाणा सरकार ने राज्य में डिजिटल सुशासन और ई-गवर्नेंस को अधिक सशक्त व प्रभावी बनाने के उद्देश्य से एक बड़ा प्रशासनिक निर्णय लिया है। राज्य के समस्त सरकारी विभागों, बोर्डों, निगमों, प्राधिकरणों, जिला एवं अधीनस्थ कार्यालयों में तुरंत प्रभाव से ‘ई-ऑफिस’ (e-Office System) प्रणाली को अनिवार्य रूप से लागू करने के कड़े निर्देश जारी किए गए हैं। इस नए आदेश के उपरांत अब राज्य सरकार की सभी प्रशासनिक फाइलों, आधिकारिक पत्राचार और नोटिंग का निपटान एवं आवागमन केवल डिजिटल ई-ऑफिस प्लेटफॉर्म के माध्यम से ही संपादित किया जाएगा।

📜 मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने जारी किए कड़े निर्देश, प्रशासनिक सचिवों व विभागाध्यक्षों को सौंपी जिम्मेदारी

हरियाणा के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने इस दूरगामी निर्णय के संबंध में राज्य के सभी प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, मंडलायुक्तों, जिला उपायुक्तों (DCs), बोर्डों-निगमों के प्रबंध निदेशकों (MDs), मुख्य प्रशासकों तथा राज्य के विश्वविद्यालयों के कुलसचिवों को लिखित दिशा-निर्देश प्रेषित किए हैं।

जारी निर्देशों में स्पष्ट किया गया है कि ई-ऑफिस राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (NIC) द्वारा विकसित एक अग्रणी ई-गवर्नेंस प्लेटफॉर्म है, जिसका मूल ध्येय शासकीय कार्यप्रणाली को पूरी तरह पेपरलेस (Paperless), पारदर्शी, त्वरित और जवाबदेह बनाना है।

💻 वर्ष 2017 से चरणबद्ध तरीके से लागू हो रही प्रणाली, फाइलों की आवाजाही में आई अभूतपूर्व तेजी

उल्लेखनीय है कि हरियाणा राज्य में ई-ऑफिस प्रणाली को वर्ष 2017 से चरणबद्ध तरीके से विभिन्न विभागों में क्रियान्वित किया जा रहा है।

इस व्यवस्था के लागू होने से सरकारी फाइलों के निपटान की प्रक्रिया में तेजी आई है, रिकॉर्ड प्रबंधन और ट्रैकिंग में अभूतपूर्व सुधार हुआ है तथा शासकीय पारदर्शिता और जवाबदेही को प्रोत्साहन मिला है। अब इसे शत-प्रतिशत सभी स्तर के शासकीय कार्यालयों में पूर्णतः बाध्यकारी बना दिया गया है।

⚙️ डिजिटल सिग्नेचर, यूजर आईडी और हार्डवेयर अवसंरचना पूरी करने के सख्त आदेश

मुख्य सचिव ने सभी विभागाध्यक्षों और वरिष्ठ अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे अपने अधीनस्थ कार्यालयों में ई-ऑफिस के समयबद्ध एवं बाधारहित क्रियान्वयन को सुनिश्चित करें।

इसके लिए कर्मचारियों एवं अधिकारियों हेतु आवश्यक यूजर आईडी, डिजिटल सिग्नेचर सर्टिफिकेट (DSC), कर्मचारियों के तकनीकी प्रशिक्षण तथा आवश्यक सूचना प्रौद्योगिकी (IT Infrastructure) की सुदृढ़ व्यवस्था तत्काल पूरी की जाए।

🚫 भौतिक फाइलों का उपयोग होगा न्यूनतम, तकनीकी सहयोग हेतु HARTRON और NIC रहेंगे तत्पर

सरकार ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि दैनिक प्रशासनिक कार्यों का अधिकतम निपटान केवल डिजिटल माध्यम से किया जाए और पारंपरिक कागजी या भौतिक (Physical Files) फाइलों के चलन को न्यूनतम रखा जाए।

यदि किसी विभाग को कार्यान्वयन के दौरान तकनीकी समस्याएं आती हैं, तो वे एनआईसी हरियाणा (NIC Haryana), हारट्रॉन (HARTRON) अथवा राज्य की अधिकृत ई-ऑफिस हेल्पडेस्क टीम से तकनीकी सहायता प्राप्त कर सकते हैं। सभी विभागों को इन सरकारी निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा गया है।