आपरेशन एम्सटाड के तहत वेनेजुएला में सक्रिय हुआ भारतीय दल
-
अस्पताल में निःशुल्क चिकित्सा प्रारंभ हो गयी
-
प्रभावित लोगों के लिए चौबीस घंटे सहायता
-
काराकास के रेसट्रेक में खुला है अस्पताल
राष्ट्रीय खबर
नई दिल्ली: वेनेज़ुएला में पिछले सप्ताह आए भीषण भूकंपीय झटकों के बाद मानवीय सहायता के रूप में भारत ने अपनी तत्परता का परिचय देते हुए वहां ऑपरेशन एम्सटाड की शुरुआत की है। इसी कड़ी में, भारतीय सेना द्वारा स्थापित एक अत्याधुनिक फील्ड अस्पताल अब पूर्ण रूप से सक्रिय हो गया है और वहां के आपदा-ग्रस्त नागरिकों को चौबीसों घंटे निशुल्क चिकित्सा सुविधाएँ प्रदान कर रहा है। सोमवार, 29 जून 2026 को आधिकारिक सूत्रों ने इस बात की पुष्टि की है कि भारतीय सेना की मेडिकल टीम ने अपनी सेवाएँ पूरी तरह से बहाल कर दी हैं।
वेनेज़ुएला में स्थित भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी साझा की है कि काराकस में स्थित अंतरराष्ट्रीय ला रिंकोनाडा रेसट्रैक में एक विशाल मेडिकल कैंप स्थापित किया गया है। यह कैंप अत्यंत अनुभवी डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ से सुसज्जित है। दूतावास ने स्पष्ट किया है कि यहाँ सभी चिकित्सा सेवाएँ 24 घंटे उपलब्ध हैं और इनका लाभ पूरी तरह से निशुल्क है। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब वेनेज़ुएला की स्वास्थ्य प्रणाली विनाशकारी भूकंप के कारण चरमरा गई है और हज़ारों घायलों को तत्काल उपचार की आवश्यकता है।
इस आपदा की पृष्ठभूमि पर नज़र डालें तो, बुधवार शाम (24 जून 2026) को वेनेज़ुएला में क्रमशः 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंपों ने तबाही मचा दी। ये झटके पिछले एक सदी से भी अधिक समय में देश में महसूस किए गए सबसे तीव्र भूकंपों में से एक थे। इन भूकंपों का प्रभाव न केवल उपरिकेंद्र के आसपास, बल्कि पूरे क्षेत्र में व्यापक रूप से महसूस किया गया, जिससे बड़े पैमाने पर जान-माल का नुकसान हुआ है। रविवार (28 जून 2026) तक प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, इन दो भूकंपों के कारण मरने वालों की संख्या बढ़कर 1,450 तक पहुंच गई है, जबकि हज़ारों लोग गंभीर रूप से घायल हैं और बड़ी संख्या में लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।