Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Indore Crime News: इंदौर के इलेक्ट्रॉनिक शोरूम में चोरी करने वाला शातिर चोर गिरफ्तार, नोएडा का पूर्व... Chitrakoot Crime News: चित्रकूट में NEET छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म, खुद को वन कर्मी बताकर बदमाश... Amroha Reel Star Marriage: तीन रीलबाज बहनों की एक कैमरामैन से शादी पर नया खुलासा, वीडियो जारी कर दी ... Mumbai Missing Child Case: तीन साल से लापता 8 साल का बच्चा अपने माता-पिता से मिला, मुंबई पुलिस की सू... IMD Weather Alert: देश के कई राज्यों में भारी बारिश का रेड अलर्ट, दिल्ली-यूपी समेत इन इलाकों में झमा... Meerut Snake Bite Murder Case: स्कूल संचालक की सांप से कटवाकर हत्या, पत्नी और ड्राइवर के अवैध संबंधो... Bihar Crime Update: नेवालाल चौक के पास बदमाशों ने कार पर की अंधाधुंध गोलीबारी, गंभीर रूप से घायल हुए... Shahjahanpur Double Murder Case: प्रेम प्रसंग में हुए दोहरे हत्याकांड पर कोर्ट का बड़ा फैसला, 6 दोषिय... Trending News Indore: 'टिंकू जिया' गाने पर डीजे और सिर पर छाता... सोशल मीडिया पर छाया इस मिनिमल बारा... Bhopal Crime News: भोपाल में 17 वर्षीय नाबालिग से दुष्कर्म, SAF के दो कांस्टेबल गिरफ्तार; बर्थडे पार...

Corruption Case: नकली दवा घोटाले का आरोपी और इंस्पेक्टर गिरफ्तार; CBI ने किया 3 करोड़ की रिश्वत के नेटवर्क का पर्दाफाश

नई दिल्ली: सीबीआई (CBI) ने एक बड़े भ्रष्टाचार नेटवर्क का खुलासा किया है जो 5000 करोड़ रुपये के नकली दवा घोटाले से जुड़ा है। हाल ही में की गई कार्रवाई में दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार सिंह और उनके सहयोगी राजकुमार उर्फ मदनराज को गिरफ्तार किया गया है। इन पर पुडुचेरी के नकली दवा घोटाले के मुख्य आरोपी एन. राजा उर्फ वल्लीअप्पन को सीबीआई जांच में फायदा दिलाने के नाम पर करोड़ों रुपये रिश्वत लेने का आरोप है।

💰 हवाला के जरिए पहुंची रकम

जांच एजेंसी के अनुसार, इंस्पेक्टर प्रदीप सिंह और उसके साथियों ने आरोपी को विश्वास दिलाया कि वे सरकारी और सीबीआई के प्रभावशाली अधिकारियों से जांच में राहत दिला सकते हैं। इस सौदे के लिए 3 करोड़ रुपये मांगे गए थे, जिसमें से 1.5 करोड़ रुपये एडवांस मिलने थे।

  • सीबीआई की एफआईआर के मुताबिक, आरोपी एन. राजा ने 1 करोड़ रुपये हवाला चैनल के जरिए दिल्ली भिजवाए।

  • सीबीआई ने अदालत को बताया कि इंस्पेक्टर प्रदीप सिंह ने यह रकम प्राप्त की थी, जिसमें से 50 लाख रुपये प्रभात नामक व्यक्ति को दिए गए और 25 लाख रुपये उन्होंने स्वयं रखे। छापेमारी के दौरान पुलिस ने 24.70 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं।

🕵️ सीनियर सरकारी अधिकारी की भूमिका संदिग्ध

सीबीआई ने कोर्ट में खुलासा किया कि 14 मई को एयरोसिटी में एक सीनियर सरकारी अधिकारी के साथ आरोपियों की मुलाकात कराई गई थी। उस अधिकारी ने कथित तौर पर जांच को प्रभावित करने और अनुकूल कार्रवाई का भरोसा दिया था। जांच एजेंसियां अब उस अधिकारी की पहचान और रिश्वत की रकम के पूरे ट्रेल को खंगालने में जुटी हैं।

⚖️ अदालत का रुख और आगे की जांच

राउज एवेन्यू कोर्ट में पेशी के दौरान सीबीआई ने मामले की गंभीरता और डिजिटल सबूतों की बरामदगी के लिए आरोपियों की रिमांड मांगी थी। बचाव पक्ष ने गिरफ्तारी को झूठा करार देते हुए रिमांड का विरोध किया, लेकिन कोर्ट ने जांच की आवश्यकता को देखते हुए आरोपियों को पुलिस हिरासत में भेज दिया। यह नकली दवा घोटाला देश के सबसे बड़े फार्मा फ्रॉड मामलों में से एक है, जिसमें अब अधिकारियों की संलिप्तता ने मामले को और गंभीर बना दिया है।