Haryana Food Safety: मिलावटखोरों की अब खैर नहीं; हरियाणा में खुलेंगी 8 नई फूड टेस्टिंग लैब, मोबाइल लैब से होगी तुरंत जांच
हरियाणा: खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों के खिलाफ हरियाणा सरकार ने कमर कस ली है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग (FDA) ने आमजन को शुद्ध भोजन उपलब्ध कराने के लिए एक व्यापक कार्ययोजना तैयार की है। इसके तहत पूरे प्रदेश में 8 नई अत्याधुनिक खाद्य जांच प्रयोगशालाएं (Food Testing Labs) स्थापित की जाएंगी।
🚚 मोबाइल फूड टेस्टिंग लैब की सौगात
इस अभियान की सबसे बड़ी विशेषता ‘मोबाइल जांच प्रयोगशालाएं’ हैं। इन मोबाइल लैब के माध्यम से आम नागरिक मात्र 20 रुपये का मामूली शुल्क देकर दूध, घी, तेल, मसाले और मिठाइयों जैसी खाद्य वस्तुओं की गुणवत्ता की जांच मौके पर ही करवा सकेंगे। इससे न केवल मिलावटी खाद्य पदार्थों की पहचान आसान होगी, बल्कि मिलावटखोरों में भी डर पैदा होगा।
🏗️ बजट और लैब का विस्तार
केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में खाद्य सुरक्षा को सशक्त बनाने के लिए 55 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया है। इस फंड से फरीदाबाद, गुरुग्राम और रोहतक में अत्याधुनिक लैब बन रही हैं। इसके अलावा नारनौल, हिसार, जींद, सिरसा और यमुनानगर में भी नई लैब स्थापित करने को मंजूरी मिल चुकी है। विभाग के अनुसार, इन जिलों में भूमि मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा, जिसकी शुरुआत हिसार से होने की योजना है।
🛡️ खाद्य सुरक्षा के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता
विश्व खाद्य सुरक्षा दिवस के अवसर पर विभाग के नामित अधिकारी पृथ्वी सिंह ने बताया कि प्रदेश की बढ़ती आबादी और खाद्य कारोबार को देखते हुए संसाधनों का विस्तार अत्यंत आवश्यक था। यह आधुनिक जांच व्यवस्था न केवल लोगों को शुद्ध भोजन सुनिश्चित करेगी, बल्कि खाद्य सुरक्षा के प्रति जन-जागरूकता को भी बढ़ावा देगी।