Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
धमतरी में दोस्त की हत्या के मामले में आरोपी को उम्रकैद: हेलमेट से सिर पर वार कर उतारा था मौत के घाट बीजापुर में सुरक्षाबलों की बड़ी कार्रवाई: पेगड़ापल्ली जंगल से भारी नक्सल डंप और विस्फोटक बरामद सुकमा: पोलमपल्ली पोटाकेबिन में 47 छात्राओं की बिगड़ी तबीयत; दूषित भोजन-पानी की आशंका, अस्पताल में मच... बुंदेली, मालवी और निमाड़ी क्रिएटर्स के जरिए युवाओं तक पहुंचेगी सरकार की योजनाएं; MP बीजेपी का 2028 क... रूढ़ियों को तोड़ा: बुरहानपुर में सॉफ्टवेयर इंजीनियर बेटी ने मां को दी मुखाग्नि, पति के सपोर्ट से निभ... उज्जैन महाकाल मंदिर में श्रावण माह में बना नया कीर्तिमान: पहली बार 1.57 करोड़ से अधिक भक्तों ने किए ... सतना-चित्रकूट में बाढ़ का विकराल रूप: मंदाकिनी नदी उफान पर, चारों तरफ से संपर्क टूटा; NDRF व SDERF क... एम्स भोपाल में स्वास्थ्य सुविधाओं का महा-विस्तार: नवंबर से रोबोटिक सर्जरी, ₹7500 में PET-CT और फेफड़... खंडवा रेलवे स्टेशन पर मंगला एक्सप्रेस में हड़कंप: पेंट्री कार का खाना खाने से 20 बच्चों की बिगड़ी तब... पन्ना में बोरवेल बना काल: 8 दिन में एक ही परिवार के 3 सदस्यों की मौत, पिता-छोटे भाई के बाद बड़े बेटे...

Action Against Fake Godmen: नासिक कांड के बाद जागा प्रशासन; महाराष्ट्रभर में ढोंगी तांत्रिकों के खिलाफ पुलिस का अभियान

महाराष्ट्र: नासिक में सामने आए कथित ‘भोंदू बाबा’ अशोक खरात मामले के बाद महाराष्ट्र पुलिस पूरी तरह एक्शन मोड में है। अंधविश्वास, ढोंग और चमत्कार के नाम पर भोली-भाली जनता को ठगने वाले बाबाओं और तांत्रिकों के खिलाफ पुलिस ने राज्यभर में एक व्यापक अभियान छेड़ दिया है। पिछले सवा दो महीनों के भीतर ही पुलिस ने 50 से अधिक ऐसे ढोंगी बाबाओं के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इन पर महिलाओं के लैंगिक शोषण, आर्थिक ठगी और मानसिक प्रताड़ना जैसे गंभीर आरोप हैं।

⚖️ कानून का डर और बढ़ती जागरूकता

‘महाराष्ट्र अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति’ के अनुसार, अशोक खरात प्रकरण के बाद बड़ी संख्या में पीड़ित परिवार और महिलाएं सामने आई हैं, जिन्होंने अब खुलकर शिकायत दर्ज कराई है। समिति का मानना है कि पहले भी शोषण हो रहा था, लेकिन अब लोग जागरूक हो रहे हैं। समिति के राज्य कार्यवाह कृष्णा चांदगुडे ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई किसी धर्म विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि ढोंग और अंधविश्वास की आड़ में आपराधिक कृत्यों को अंजाम देने वाले तत्वों के खिलाफ है। सभी धर्मों से जुड़े कथित तांत्रिकों के खिलाफ ‘महाराष्ट्र जादूटोणा और अंधश्रद्धा विरोधी कानून 2013’ के तहत कड़ी कार्रवाई की जा रही है।

📍 कहां-कहां चल रहा है अभियान?

पुलिस का छापेमारी अभियान मुंबई, पुणे, नाशिक, अहिल्यानगर, नागपुर और संभाजीनगर सहित राज्य के विभिन्न जिलों में तेज कर दिया गया है। इन ढोंगी बाबाओं ने अक्सर महिलाओं को संतान प्राप्ति, लाइलाज बीमारियों से मुक्ति और पारिवारिक समस्याओं के समाधान के नाम पर बहला-फुसलाकर अपना शिकार बनाया। नाशिक जिला इस कार्रवाई में सबसे आगे है, जहां अकेले 5 मामले दर्ज किए गए हैं।

🛡️ समिति की सरकार से और सख्ती की मांग

अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति ने राज्य सरकार से मांग की है कि 2013 के इस कानून को और अधिक सख्ती से लागू किया जाए। उनका कहना है कि केवल कानूनी कार्रवाई ही काफी नहीं है, बल्कि इसके प्रभावी क्रियान्वयन और निरंतर जनजागरूकता अभियानों के जरिए ही समाज को ठगी, मानसिक उत्पीड़न और शोषण जैसी गंभीर समस्याओं से बचाया जा सकता है। पुलिस प्रशासन ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी ऐसे ढोंगी के झांसे में न आएं और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत नजदीकी थाने में दें।