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अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम कम होने लगे

डोनाल्ड ट्रंप के एलान का दुनिया के तेल बाजार पर असर

एजेंसियां

दुबईः राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान के साथ जारी युद्ध में अचानक दो सप्ताह के संघर्ष विराम की घोषणा के बाद मंगलवार रात अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट के जरिए जानकारी दी कि उन्होंने ईरान पर व्यापक बमबारी अभियान को निलंबित करने का निर्णय लिया है। यह घोषणा उनके द्वारा निर्धारित रात 8 बजे की समयसीमा से लगभग डेढ़ घंटा पहले की गई, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजारों में तत्काल हलचल मच गई।

ट्रंप ने अपने बयान में स्पष्ट किया, मैं दो सप्ताह की अवधि के लिए ईरान पर बमबारी और हमलों को रोकने के लिए सहमत हूं। यह एक दोतरफा संघर्ष विराम होगा। तेल के वायदा कारोबार में आई इस बड़ी गिरावट का मुख्य कारण युद्ध के कारण आपूर्ति बाधित होने का डर कम होना है। निवेशकों को अंदेशा था कि ईरान के साथ पूर्ण युद्ध से मध्य-पूर्व से होने वाली तेल की आपूर्ति ठप हो सकती है, लेकिन इस कूटनीतिक मोड़ ने बाजार को बड़ी राहत दी है।

राष्ट्रपति ने इस कदम के पीछे का तर्क देते हुए कहा कि अमेरिकी सेना ने अपने सभी सैन्य उद्देश्यों को न केवल प्राप्त कर लिया है, बल्कि उनसे कहीं आगे बढ़ चुकी है। उन्होंने यह भी दावा किया कि अमेरिका अब ईरान के साथ एक निश्चित दीर्घकालिक शांति समझौते के बहुत करीब है। ट्रंप के अनुसार, यह समझौता न केवल दोनों देशों के बीच तनाव कम करेगा, बल्कि पूरे मध्य-पूर्व में स्थायी शांति स्थापित करने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा।

हालांकि, तेल बाजार की यह गिरावट इस बात पर निर्भर करेगी कि क्या यह 14 दिनों का युद्धविराम वास्तव में एक स्थायी शांति संधि में बदल पाता है। फिलहाल, वैश्विक अर्थव्यवस्था और ऊर्जा क्षेत्र के विशेषज्ञों के लिए यह घोषणा एक बड़ी राहत के रूप में उभरी है, जिससे आने वाले दिनों में ईंधन की कीमतों में और कमी आने की संभावना जताई जा रही है। युद्ध की आहट के बीच शांति की इस पहल ने वैश्विक कूटनीति के केंद्र में फिर से वार्ता की मेज को ला खड़ा किया है।