Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
एवरेस्ट और एलजी हींग की बिक्री पर FSSAI की रोक: जांच में फेल हुए सैंपल, गुणवत्ता मानकों में मिली भार... इंस्टाग्राम-फेसबुक पर 2 घंटे से ज्यादा नहीं टिक पाएंगे बच्चे; मेटा लाया ऑटोमैटिक नाइट मोड और स्क्रीन... जन्माष्टमी 2026 पर कान्हा को क्यों प्रिय है माखन-मिश्री का भोग? जानिए सही तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा ... डैंड्रफ और हेयर फॉल की समस्या से एक साथ हैं परेशान? डर्मेटोलॉजिस्ट से जानिए सही कारण और बचाव के उपाय वक्त ने किया क्या हसीं सितम.. .. .. .. तिब्बत के वीडियो वहां नहीं दिखाये जा रहे भीषण गुट संघर्ष और मौतों के बाद संयुक्त राष्ट्र का बयान महाराष्ट्र में दवाई कंपनियों के खिलाफ एफडीए की कार्रवाई अत्यधिक छूट दिये जाने की बात ही गलत हैः सरकार कर्नाटक के मंत्री नागेंद्र ने रोते हुए इस्तीफा दिया

MP Weather Update: मध्य प्रदेश में 4 वेदर सिस्टम सक्रिय, 30 जिलों में आंधी और झमाझम बारिश का रेड अलर्ट जारी

भोपाल: मध्य प्रदेश के आसपास एक साथ 4 चक्रवाती परिसंचरण और ट्रफ लाइन सक्रिय होने से मौसम का मिजाज बदला हुआ है. मौसम विज्ञान केंद्र द्वारा शनिवार के लिए 30 से अधिक जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज आंधी का अलर्ट जारी किया है. जबकि 6 जिलों में ओलावृष्टि की चेतावनी दी गई है. मौसम विभाग के अनुसार अगले चार दिनों तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम का असर बना रहेगा.

4 वेदर सिस्टम से बिगड़ा मौसम का मिजाज
मौसम विभाग अरुण शर्मा ने बताया कि, ”इस समय प्रदेश के आसपास चार बड़े वेदर सिस्टम एक्टिव हैं. दक्षिण अफगानिस्तान, उत्तर-पूर्व पाकिस्तान, हरियाणा और उत्तर गुजरात के ऊपर साईक्लोन सर्कुलेशन बने हुए हैं. इसके अलावा उत्तर मध्य प्रदेश से उत्तर विदर्भ तक एक ट्रफ लाइन गुजर रही है. इन सिस्टमों के कारण वातावरण में नमी बढ़ गई है और अस्थिरता बनने से गरज-चमक के साथ बारिश का दौर शुरू हो गया है.”

इन जिलों में आरेंज अलर्ट, ओलावृष्टि की चेतावनी
मौसम विभाग ने महाकौशल और बुंदेलखंड क्षेत्र के कई जिलों में आरेंज अलर्ट जारी किया है. अगले 24 घंटों में छतरपुर, पन्ना, दमोह, जबलपुर, कटनी और उमरिया में तेज आंधी के साथ भारी बारिश और ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है. यहां 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं.

भोपाल सहित कई जिलों में यलो अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र द्वारा भोपाल, रायसेन, सीहोर, ग्वालियर और चंबल संभाग के अधिकतर जिलों में यलो अलर्ट जारी किया गया है. इन क्षेत्रों में बिजली गिरने की आशंका के साथ 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं.

सतना में सबसे ज्यादा बारिश
बीते 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश दर्ज की गई. पूर्वी मध्य प्रदेश में सतना में 9.6 मिमी, सिवनी में 8.4 मिमी और खजुराहो में 6.4 मिमी बारिश रिकार्ड की गई. छिंदवाड़ा में 6.2 मिमी वर्षा दर्ज हुई. वहीं पश्चिमी हिस्से में पचमढ़ी में 4 मिमी और बैतूल में 2.8 मिमी बारिश हुई. ऐसे में बारिश और बादलों के कारण कई शहरों के तापमान में गिरावट भी देखने को मिली है.

तापमान में उतार-चढ़ाव, कहीं गर्मी तो कहीं राहत
प्रदेश में मौसम बदलने के साथ तापमान में भी उतार-चढ़ाव शुरू हो गया है. शुक्रवार को मंडला में सबसे अधिक 39.5 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकार्ड किया गया, जबकि खंडवा में 38.1 डिग्री रहा. वहीं सतना में अधिकतम तापमान में 5.3 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई, जबकि रीवा में तापमान 3.6 डिग्री तक कम दर्ज किया गया. वहीं बीते 24 घंटे में सबसे न्यूनतम तापमान राजगढ़ में 16.2 डिग्री और रायसेन में 16.4 डिग्री दर्ज किया गया.

अगले चार दिनों तक ऐसा रहेगा मौसम
मौसम विभाग के अनुसार, 4 से 5 अप्रैल के बीच महाकौशल और बुंदेलखंड क्षेत्र में मौसम सबसे अधिक सक्रिय रहेगा. यहां गरज-चमक, तेज हवाएं और ओलावृष्टि की संभावना है. 5 से 6 अप्रैल के दौरान मौसम का प्रभाव मुख्य रूप से पूर्वी मध्य प्रदेश की ओर शिफ्ट हो जाएगा. दतिया, भिंड, रीवा, मऊगंज, अनूपपुर, शहडोल और छिंदवाड़ा में कहीं-कहीं वज्रपात और तेज हवाएं चल सकती हैं.

6 से 7 अप्रैल के बीच ग्वालियर-चंबल और विंध्य क्षेत्र में बादलों का असर बना रहेगा. शिवपुरी, ग्वालियर, सिंगरौली, सीधी और सतना में हल्की से मध्यम बारिश और बिजली चमकने की संभावना है. 7 से 8 अप्रैल तक मौसम में कुछ सुधार होने की उम्मीद है, लेकिन बुंदेलखंड और ग्वालियर-चंबल के कुछ जिलों में वज्रपात का खतरा बना रह सकता है.