Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
खाड़ी क्षेत्र की स्थिति पर चीन के विदेश मंत्री का बयान हिजबुल्लाह और इजरायली सेना की टक्कर में लोग परेशान अमेरिका और चीन के बीच तीखी नोकझोंक सुरक्षा में ठेकेदारी बंद करे भारत UCC पर सुप्रीम कोर्ट का 'सुप्रीम' फैसला! केंद्र को बड़ी टिप्पणी—"अब समय आ गया है, देश में लागू हो सम... Priyanka Gandhi in Lok Sabha: राहुल गांधी के बचाव में उतरीं प्रियंका गांधी, बोलीं- 'निडर' हैं मेरे भ... Lok Sabha News: स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव, गौरव गोगोई ने नरवणे की किताब से सरकार को घेरा; सद... नैनीताल पर 'जल प्रलय' का खतरा! चूहों के बाद अब मछलियां भी काट रही हैं नैनी झील की जड़ें; माल रोड धंस... Rahul Gandhi in Sonipat: सोनीपत के मदीना गांव पहुंचे राहुल गांधी, किसान संजय की बेटी को दिया आशीर्वा... Katni Road Accident: कटनी में बड़ा सड़क हादसा, कार-बाइक की टक्कर में 4 की मौत और 5 घायल; अस्पताल में...

बीजापुर में भीषण आईईडी ब्लास्ट: नक्सलियों की बिछाई साजिश का शिकार हुआ 20 साल का युवक, मौके पर ही दर्दनाक मौत

बीजापुर: थाना उसूर अंतर्गत ग्राम कस्तुरीपाड में नक्सली घटना हुई है, जिसमें एक युवक की जान चली गई. जंगल में माओवादियों के लगाए प्रेशर IED की चपेट में आने से एक ग्रामीण युवक की दर्दनाक मौत हो गई.

बीजापुर एसपी ने दी घटना की जानकारी

घटना 18 जनवरी 2026 की है. पुलिस अधीक्षक जितेंद्र यादव ने बताया कि ग्राम कस्तुरीपाड निवासी आयता कुहरामी, पिता बुधरा कुहरामी, उम्र लगभग 20 वर्ष, किसी काम से गांव से लगे जंगल क्षेत्र की ओर गया हुआ था. इसी दौरान उसने अनजाने में नक्सलियों के लगाए प्रेशर IED पर पैर रख दिया, जिससे IED विस्फोट होने से युवक के दोनों पैर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और वह गंभीर रूप से घायल हो गया.

अस्पताल ले जाने से पहले युवक की मौत

घटना की जानकारी मिलते ही परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे और घायल युवक को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल ले जाने का प्रयास किया. लेकिन ज्यादा खून बहने के कारण अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में आयता कुहरामी ने दम तोड़ दिया. युवक की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और पूरे गांव में शोक का माहौल है.

अक्सर नक्सलियों के लगाए आईईडी की चपेट में आ जाते हैं ग्रामीण

स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि कस्तुरीपाड और आसपास के जंगल क्षेत्रों में माओवादियों की आवाजाही बनी रहती है, जिसके चलते आए दिन इस प्रकार की घटनाओं का खतरा बना रहता है. निर्दोष ग्रामीण, जो रोजमर्रा की जरूरतों के लिए जंगल जाते हैं, अक्सर ऐसे विस्फोटक जालों का शिकार हो जाते हैं. ग्रामीणों का कहना है कि माओवादियों की इन हरकतों का सबसे ज्यादा नुकसान आम जनता को उठाना पड़ रहा है.

सर्च ऑपरेशन तेज

घटना के बाद सुरक्षा बलों ने पूरे क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी है. पुलिस एवं सुरक्षा बलों की संयुक्त टीम द्वारा प्रभावित क्षेत्र में सघन सर्चिंग अभियान चलाया जा रहा है. साथ ही संभावित इलाकों में बिछाए गए IED की तलाश कर उन्हें निष्क्रिय करने की कार्रवाई भी तेज कर दी गई है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं को रोका जा सके.

प्रशासन ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मृतक के परिजनों को हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया है. साथ ही ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे जंगल और दुर्गम क्षेत्रों में जाने के दौरान विशेष सावधानी बरतें. किसी भी प्रकार की संदिग्ध वस्तु, गतिविधि या विस्फोटक सामग्री दिखाई देने पर तत्काल नजदीकी पुलिस थाना या सुरक्षा कैंप को सूचना दें और खुद उसे छूने या हटाने का प्रयास न करें.