पटना में गूंजी दिनकर की ‘रश्मि रथी’: बच्चों की जादुई प्रस्तुति ने मोह लिया सबका मन, ‘सुनो-सुनाओ’ में उमड़ा जनसैलाब
पटना में सोमवार को विश्व हिंदी दिवस और राष्ट्रीय युवा दिवस पर रंगारंग आयोजन संपन्न हुआ. तिमाही हिंदी कार्यशाला के तहत बच्चों के लिए, बच्चों द्वारा हिंदी साहित्य का कार्यक्रम सुनो सुनाओ (Suno-Sunao) आयोजित किया गया. इस अवसर पर कार्यालय के नवनिर्मित शिशु देखभाल कक्ष वात्सल्य का उद्घाटन भी किया गया. इस कार्यक्रम का आयोजन क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी स्वधा रिज़वी के दिशा-निर्देश में किया गया. मुख्य अतिथि स्टेट बैंक आफ इंडिया के मुख्य महाप्रबंधक अनुराग जोशी थे.
हिंदी भाषा के वैश्विक प्रचार पर आधारित कार्यक्रम सुनो-सुनाओ, किलकारी, बाल भवन, पटना (शिक्षा विभाग), सांस्कृतिक संस्था प्रेरणा और क्षेत्रीय पासपोर्ट कार्यालय परिवार के बच्चों के द्वारा प्रस्तुत किया गया. इसका निर्देशन बतरस, पटना के वरिष्ठ कलाकार श्रीकान्त और सुनील द्वारा किया गया.
प्रेमचंद की ईदगाह का जीवंत वाचन
बतरस पटना द्वारा प्रेमचंद की कालजयी रचना ईदगाह का जीवंत वाचन किया गया. बच्चों द्वारा हिंदी साहित्य के प्रमुख कवियों की रचनाओं की प्रस्तुति ने साहित्य प्रेमियों को भाव-विभोर कर दिया जिसमें रामधारी सिंह दिनकर द्वारा रचित ‘रश्मि रथि’ के कुछ अंशों की प्रस्तुति ने मुख्य भूमिका निभाई.
मुख्य अतिथि ने हिंदी के व्यापक उपयोग के महत्व को रेखांकित किया. उन्होंने विश्व स्तर पर इसकी मजबूती के सुझाव दिए. क्षेत्रीय पासपोर्ट पदाधिकारी द्वारा कार्यालय में हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग के लिए अधिकारियों और कर्मचारियों को विस्तृत निर्देश दिए गए. उन्होंने वात्सल्य के निर्माण के लिए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया को विशेष धन्यवाद दिया. उन्होंने कहा कि यह शिशु देखभाल कक्ष कार्यालय परिवार और बच्चों के साथ आने वाले आवेदकों के लिए लाभकारी होगा.
‘एक्जाम वॉरियर’ भेंट स्वरूप दी गई
कार्यक्रम के समापन पर कार्यालय द्वारा सभी बच्चों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बच्चों/युवाओं को परीक्षा के तनाव से मुक्त करने के उद्देश्य से लिखी गई पुस्तक एक्जाम वॉरियर भेंट स्वरूप प्रदान किया गया. कार्यक्रम का संचालन कार्यालय के वरीय अधीक्षक शम्भु शरण और धन्यवाद ज्ञापन हिंदी अधिकारी सज्जन कुमार द्वारा किया गया.