Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
8th Pay Commission: फिटमेंट फैक्टर से कितनी बढ़ेगी आपकी बेसिक सैलरी? समझें 2.57, 3.0 और 3.68 का पूरा ... Strange Wedding News: 12 लाख की कार और गाजे-बाजे के साथ पहुंची बारात, फिर भी दुल्हन ने तोड़ी शादी; ब... Katihar Accident: कटिहार हादसे में मरने वालों की संख्या 13 हुई, नीतीश सरकार ने किया मुआवजे का ऐलान; ... Uddhav Thackeray: 'शिवाजी महाराज की जन्मभूमि की मिट्टी अयोध्या ले गया और एक साल में बन गया राम मंदिर... Weather Update: दिल्ली में फिर से मौसम का यू-टर्न, आज खिलेगी तेज धूप; UP में लू का कहर और हिमाचल समे... Betrayal News: प्रेमी के लिए घर में की चोरी, फिर उसी ने दोस्तों के साथ मिलकर किया गैंगरेप; फूट-फूटकर... Namo Bharat Train: दिल्ली-मेरठ के बाद अब ऋषिकेश की बारी, 3 घंटे में पूरा होगा सफर; जानें रूट और स्टे... Delhi-Dehradun Expressway: दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर बाइक ले गए तो कटेगा भारी चालान, इन वाहनों ... Crime News: दूल्हा असली और दुल्हन नकली! हिस्ट्रीशीटर के घर चल रही थी शादी, तभी आ धमकी 'नकली पुलिस'; ... Priyanka Purohit Case: बेडरूम वीडियो और 2020 का सीक्रेट अफेयर, प्रियंका पुरोहित की क्राइम फाइल से नि...

अचानक बादल फटने से पहाड़ों से नीचे आयी तबाही

  • भारतीय सेना के 23 जवान लापता

  • तीस्ता नदी में अचानक आयी बाढ़

  • लोगों को नदी से दूर रहने की सलाह

राष्ट्रीय खबर

सिलिगुड़ी: सिक्किम के उत्तरी क्षेत्र में ल्होनक झील के ऊपर अचानक बादल फटने से लाचेन घाटी में स्थित तीस्ता नदी में आये उफान के कारण आस पास के क्षेत्र जलमग्न हो गये जिसकी चपेट में कुछ सैन्य प्रतिष्ठान आने से 23 सैनिकों के लापता होने की खबर है। सेना की ओर से बुधवार को यह जानकारी दी गयी है।

सेना के अनुसार चंगथांग बांध से पानी छोड़े जाने के कारण भी जलस्तर 15 से 20 फुट बढ़ गया। इसके कारण निकट के सैन्य प्रतिष्ठानों में खड़े सैन्य वाहन पानी और कीचड़ की चपेट में आ गये। इन प्रतिष्ठानों में तैनात 23 सैन्यकर्मियों के लापता होने की खबर है। तलाशी अभियान जारी है।

दार्जिलिंग लोकसभा सदस्य राजू बिस्ता ने कहा, मैंने प्रधानमंत्री और गृहमंत्री से संपर्क किया है, उन्हें वर्तमान स्थिति के बारे में सूचित किया है और मैंने उनसे पूरे सिक्किम, दार्जिलिंग, कलिम्पोंग, जलपाईगुड़ी के लिए एक उच्च स्तरीय आपदा निगरानी और प्रतिक्रिया टीम गठित करने का अनुरोध किया है। उन्होंने बताया कि उत्तरी सिक्किम में हिमानी ल्होनक झील में जलस्तर बढ़ने के कारण दार्जिलिंग, कलिम्पोंग, सिक्किम क्षेत्र में बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है।

श्री बिस्ता ने कहा, मैं लोगों से अनुरोध करता हूं कि यदि संभव हो तो नदी से दूर रहें। जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए हाथ बढ़ाएं और जगह दें। उन्होंने कहा कि वह कलिम्पोंग के जिलाधिकारी (डीएम), राष्ट्रीय जलविद्युत ऊर्जा निगम (एनएचपीसी) के अधिकारियों और राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) टीमों के साथ लगातार संपर्क में हैं।

आपदा के कारण कलिम्पोंग, दार्जिलिंग और सिक्किम के सीमावर्ती क्षेत्रों को जोड़ने वाला राष्ट्रीय राजमार्ग 10 बह गया है। सांसद ने कहा, मुझे एनडीआरएफ की एक टीम रास्ते में फंसने की सूचना मिली है क्योंकि सड़क पूरी तरह से बह गई है। एनडीआरएफ की तीन टीमें फिलहाल सिलीगुड़ी में मौसम साफ होने का इंतजार कर रही हैं, ताकि वे हेलीकॉप्टरों का उपयोग करके आवश्यक क्षेत्रों में तैनाती का प्रयास कर सकें।  श्री बिस्ता ने कहा, हम बचाव और राहत प्रयासों के समन्वय के लिए मिलकर काम करेंगे और साथ मिलकर इस आपदा पर काबू पा लेंगे। मैं व्यक्तिगत रूप से सभी स्थानों का दौरा और यथासंभव मदद करूंगा।

पता चला है कि उत्तर सिक्किम में मंगन और चुंगथांग को जोड़ने वाला पुल बाढ़ में बह जाने के कारण चुंगथांग शहर अन्य क्षेत्रों से कट गया है।  गंगटोक के एसपी तेनजिंग लोडेन लेप्चा ने कहा कि पूर्वी सिक्किम के सिंगतम और रंगपो के निवासियों को ऊंचे इलाकों में पहुंचाया गया है। अधिकारी स्थिति पर करीब से नजर रख रहे हैं और बचाव एवं राहत कार्यों में जुटे हुए हैं। निवासियों से आग्रह किया जाता है कि वे निकासी आदेशों पर ध्यान दें और सुरक्षित रहें। उत्तरी सिक्किम में एक हिमनदी लोकतक झील के फटने से जल स्तर में वृद्धि हुई है।

सिक्किम के उत्तरी जिला प्रशासन ने मंगलवार देर रात तीस्ता नदी के जल स्तर में असामान्य वृद्धि के कारण उत्तर-पूर्वी क्षेत्रों में हाई अलर्ट जारी किया है। आधिकारिक सूत्रों ने बुधवार को यह जानकारी दी। मंगन जिला के पुलिस अधीक्षक (एसपी) सोनम डेटचू ने एक स्थानीय अखबार से फोन पर बातचीत में हाई अलर्ट की पुष्टि की। उन्होंने कहा कि निचले इलाकों के सभी थानों को अलर्ट पर रखा गया है और तीस्ता नदी के किनारे रहने वाले लोगों को उनकी सुरक्षा के लिए तत्काल ऊंचे स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है।  श्री डेटचू ने कहा, हमारे पास जल स्तर में अचानक वृद्धि का कोई सटीक कारण नहीं है लेकिन नदी का जल स्तर  काफी बढ़ गया है।