Gwalior News: डीएलएड परीक्षा में फर्जी परीक्षार्थी का खुलासा; चाचा दे रहा था भतीजे की जगह परीक्षा, पुलिस ने किया गिरफ्तार
ग्वालियर: मध्य प्रदेश के ग्वालियर से परीक्षा में फर्जीवाड़े का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। गोला का मंदिर थाना क्षेत्र के अंतर्गत कालपी ब्रिज कॉलोनी स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में चल रही डीएलएड परीक्षा के दौरान एक फर्जी परीक्षार्थी (सॉल्वर) को पकड़ा गया है। आरोपी सॉल्वर मूल परीक्षार्थी का रिश्ते में चाचा लगता है।
🔍 अटेंडेंस शीट की फोटो से हुआ खुलासा
सोमवार को परीक्षा के दौरान जब कक्ष में ड्यूटी दे रही पर्यवेक्षक ने छात्रों से हस्ताक्षर लिए, तो अटेंडेंस शीट पर लगे फोटो और परीक्षार्थी के चेहरे का मिलान किया। मिलान न होने पर महिला पर्यवेक्षक को संदेह हुआ और उन्होंने तत्काल केंद्राध्यक्ष विजय पिपरोलिया को सूचित किया। पूछताछ में पकड़े गए युवक ने अपना नाम संतोष बताया और यह खुलासा किया कि वह मुरैना जिले के कैलारस निवासी मोनू धाकड़ की जगह परीक्षा देने आया है।
👨👦 रिश्ते में चाचा-भतीजे का निकला ‘सॉल्वर कांड’
गोला का मंदिर थाना प्रभारी धर्मेंद्र यादव के अनुसार, आरोपी संतोष ने स्वीकार किया कि वह मूल परीक्षार्थी मोनू धाकड़ का चाचा है। उसने बताया कि भतीजा अंग्रेजी विषय में कमजोर था, इसलिए वह उसकी जगह परीक्षा देने आया था। दोनों की उम्र में ज्यादा अंतर न होने के कारण उसे लगा कि वह आसानी से पकड़ा नहीं जाएगा।
⚖️ चाचा-भतीजे पर दर्ज हुई FIR
पुलिस ने इस मामले में मूल परीक्षार्थी मोनू धाकड़ और उसकी जगह परीक्षा देने आए सॉल्वर संतोष के खिलाफ ‘परीक्षा अधिनियम’ के तहत गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि यह धोखाधड़ी केवल पारिवारिक सहायता के लिए थी या इसके पीछे किसी बड़े ‘सॉल्वर गैंग’ का हाथ है और क्या इसमें किसी प्रकार के आर्थिक लेनदेन की भूमिका है।