Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
MP Vrindavan Gram Yojana: ग्वालियर के इन 3 गांवों की बदलेगी तस्वीर; कृषि और पशुपालन से समृद्ध होंगे ... MP-Bengal News: सीएम मोहन यादव ने शुभेंदु अधिकारी को दी बधाई; कहा- "बंगाल में सुशासन और सुरक्षा के न... Mahanaryaman Scindia : महाआर्यमन सिंधिया के स्टार्टअप Ethara AI की बड़ी कामयाबी; Amazon (AWS) के साथ... Historic Day for Bengal: 'सोनार बांग्ला' के संकल्प के साथ शुरू हुआ शुभेंदु राज; पीएम मोदी की मौजूदगी... BJP Expansion: हरियाणा से बंगाल तक; वो 9 राज्य जहां पीएम मोदी के आने के बाद पहली बार खिला 'कमल', रच ... Who is Makhanlal Sarkar: कौन हैं 98 वर्षीय माखनलाल सरकार? जिनके सम्मान में पीएम मोदी ने झुकाया सिर औ... Inspirational News: जब महिला पुलिस अधिकारी बनीं 12 साल के नाविक की 'मां'; पतवार छुड़वाकर थमाई किताब,... Wedding Brawl: ‘जूता नहीं चुराने देंगे...’ रस्म के दौरान मंडप में बवाल; दूल्हा-दुल्हन पक्ष के बीच चल... Civic Issues: कानपुर में सीवर की समस्या पर बवाल; छत पर चढ़कर महिला ने दी जान देने की धमकी, प्रशासन मे... Mother's Day 2026: एक हाथ में बंदूक, दूसरे में ममता! मिलिए उन 'Super Cop Moms' से जो अपराधियों और जि...

MP Vrindavan Gram Yojana: ग्वालियर के इन 3 गांवों की बदलेगी तस्वीर; कृषि और पशुपालन से समृद्ध होंगे किसान

ग्वालियर। मध्य प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी वृंदावन ग्राम योजना के तहत जिले के तीन चयनित गांवों की सूरत बदलने वाली है। जिले के मुरार ब्लाक के बेहट और डबरा ब्लाक के टेकनपुर व सिमरिया ताल को इस योजना में शामिल किया गया है। अब इन गांवों में कृषि, पशुपालन और वन विभाग की गतिविधियों का मुख्य केंद्र रहेगा, जिसका अंतिम उद्देश्य क्षेत्र में दुग्ध उत्पादन को नई ऊंचाइयों पर ले जाना और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है।

वृंदावन योजना के अंतर्गत, प्रशासन ने तय किया है कि कृषि, पशुपालन और वन विभाग अपनी सर्वाधिक योजनाओं और नवाचारों को इन्हीं तीन गांवों और इनके आसपास के क्षेत्रों में केंद्रित करेंगे। पशुपालन विभाग ने इस दिशा में तेजी से कदम बढ़ाते हुए टेकनपुर और सिमरिया ताल में पशु अस्पताल सहित अन्य आधुनिक सुविधाएं शुरू करने की तैयारी कर ली है। बेहट को वर्तमान में इन अस्पतालों की सूची से बाहर रखा गया है, लेकिन वहां अन्य विभागीय गतिविधियां सुचारू रूप से चलेंगी। इन सुविधाओं का सीधा लाभ स्थानीय पशुपालकों को मिलेगा, जिन्हें अब अपने मवेशियों के उपचार और बेहतर नस्ल सुधार के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा।

पशुपालकों को मिलेगा सीधा फायदा

इन तीन गांवों में पशु अस्पताल खुलने से पशुओं के टीकाकरण, उपचार और नस्ल सुधार के कार्यों में तेजी आएगी। इससे न केवल पशुओं की मृत्यु दर में कमी आएगी, बल्कि उनकी दूध देने की क्षमता में भी सुधार होगा। वन विभाग द्वारा चारागाह विकास के कार्यों से पशुओं के लिए पौष्टिक चारे की उपलब्धता सुनिश्चित होगी। पशु पालन विभाग के मुताबिक यदि बेहट, टेकनपुर और सिमरिया ताल में यह माडल सफल रहता है, तो भविष्य में जिले के अन्य गांवों को भी इसी तर्ज पर वृंदावन ग्राम के रूप में विकसित किया जाएगा।

योजना के मुख्य उद्देश्य

  • दुग्ध उत्पादन में वृद्धि: उन्नत नस्ल के पशुओं को बढ़ावा देना और पशुपालकों को तकनीकी सहायता प्रदान कर दुग्ध क्रांति लाना।
  • आधुनिक कृषि को बढ़ावा: किसानों को जैविक खेती, मृदा स्वास्थ्य और नई सिंचाई तकनीकों से जोड़ना।
  • पशु संरक्षण और उपचार: गांवों में ही उन्नत पशु चिकित्सालय और कृत्रिम गर्भाधान केंद्रों की स्थापना करना।
  • रोजगार सृजन: पशुपालन और कृषि आधारित उद्योगों के माध्यम से स्थानीय स्तर पर युवाओं और महिलाओं के लिए आय के साधन पैदा करना।
  • पर्यावरण संरक्षण: वन विभाग के सहयोग से इन गांवों में सघन वृक्षारोपण करना ताकि चारागाहों और पर्यावरण का संतुलन बना रहे।

क्या है वृंदावन ग्राम योजना

वृंदावन ग्राम योजना प्रदेश सरकार की एक एकीकृत ग्रामीण विकास पहल है, जिसे भगवान कृष्ण की नगरी वृंदावन की तर्ज पर गांवों को आत्मनिर्भर और संसाधन संपन्न बनाने के लिए शुरू किया गया है। इस योजना के तहत प्रत्येक जिले से कुछ गांवों का चयन किया जाता है, जिन्हें आधुनिक कृषि तकनीकों, उन्नत पशुपालन विधियों और पर्यावरण संरक्षण के मॉडल के रूप में विकसित किया जाता है।

पशु पालन के उपसंचालक ने कहा…

वृंदावन गांव योजना के तहत जिन तीन गांवों का चयन किया गया है, विभागों की सर्वाधिक गतिविधियां इन्हीं गांवों में होगी। इसका उद्देश्य दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के साथ इन गांवों में उन्नत खेती भी कराना है। जिससे किसानों का आर्थिक स्तर बढ़ सके। – डा. उमेश दांतरे, उप संचालक, पशु पालन