Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
तुर्किए के समुद्री तट के करीब चौदह लोग मारे गये फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों ने कहा होर्मुज को खोलने की पहल खाड़ी क्षेत्र की स्थिति पर चीन के विदेश मंत्री का बयान हिजबुल्लाह और इजरायली सेना की टक्कर में लोग परेशान अमेरिका और चीन के बीच तीखी नोकझोंक सुरक्षा में ठेकेदारी बंद करे भारत UCC पर सुप्रीम कोर्ट का 'सुप्रीम' फैसला! केंद्र को बड़ी टिप्पणी—"अब समय आ गया है, देश में लागू हो सम... Priyanka Gandhi in Lok Sabha: राहुल गांधी के बचाव में उतरीं प्रियंका गांधी, बोलीं- 'निडर' हैं मेरे भ... Lok Sabha News: स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव, गौरव गोगोई ने नरवणे की किताब से सरकार को घेरा; सद... नैनीताल पर 'जल प्रलय' का खतरा! चूहों के बाद अब मछलियां भी काट रही हैं नैनी झील की जड़ें; माल रोड धंस...

SBI में ‘बड़ी सेंध’! फरीदाबाद में बैंक मैनेजर ने ही साथियों के साथ मिलकर तोड़े ग्राहकों के लॉकर; 8 महीने बाद ऐसे खुला ‘महा-घोटाला’

फरीदाबाद: फरीदाबाद में SBI की सेक्टर-15 स्थित शाखा में लाकर तोड़ने के मामले में पुलिस ने बैंक मैनेजर सहित 4 को हिरासत में लेकर काफी देर तक पूछताछ की। इसके बाद चारों को गिरफ्तार भी कर लिया गया है। इनमें तत्कालीन बैंक मैनेजर प्रीति कटारिया, एके सिंह, भावना नरवाल और वैंडर नीरज शर्मा शामिल है। वैंडर नीरज शर्मा ने अग्रिम जमानत याचिका लगाई थी जिसको कोर्ट ने खारिज कर दिया था।

जानकारी के अनुसार सेक्टर-15ए निवासी चार्टर्ड अकाउंटेंट डीसी गर्ग ने पुलिस को शिकायत देते हुए कहा था कि उनका SBI की सेक्टर-15 ब्रांच में 2014 से लॉकर है। उनका इस बैंक में अकाउंट भी है, जिससे लॉकर की फीस कटती है। उनके पास लाकर की चाबी भी है। उन्होंने लाकर में लगभग एक किलोग्राम सोना और लगभग तीन किलोग्राम चांदी के गहने रखे थे।

उन्होंने आठ महीने पहले ही लाकर आपरेट किया था। उनकी पत्नी नीलम लाकर आपरेट करने गईं, लेकिन बैंक कर्मचारियों ने उन्हें बताया कि उनका लाकर वहां नहीं है। जब उन्होंने लाकर नंबर बताया, तो उन्होंने कहा कि लाकर किसी और के नाम पर रजिस्टर्ड है। जब डीसी गर्ग ने लाकर के अंदर रखे सामान के बारे में पूछा, तो उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिला।

उन्होंने यह भी पूछा कि जब लाकर तोड़ा गया तो क्या प्रक्रिया अपनाई गई, लेकिन फिर से उन्हें कोई सही जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। डीसीपी क्राइम मुकेश मल्होत्रा ने बताया कि चारों को गिरफ्तार कर लिया गया है। दस्तावेजी सबूत बैंक अधिकारियों के खिलाफ है।