Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
रक्षाबंधन पर भद्रा और चंद्रग्रहण का साया नहीं: 28 अगस्त को दिनभर बांध सकेंगे राखी, जानें शुभ मुहूर्त... रक्षाबंधन पर महंगाई की दोहरी मार: दंतेवाड़ा में प्याज ₹60 और चीनी ₹80 प्रति किलो, त्योहार से पहले बि... बलरामपुर के बाबा कर्मेश्वर धाम पहुंचे CM विष्णु देव साय: रुद्राभिषेक कर की पूजा, कर्रा में मंगल भवन ... रायपुर में ₹55 लाख तक की डायमंड राखी: इस बार भद्रा और चंद्रग्रहण से मुक्त रहेगा रक्षाबंधन, सोने-चांद... रायपुर IGKV में तीसरा पेपर भी लीक: 'फंडामेंटल्स ऑफ जेनेटिक्स' परीक्षा पर बवाल, यूनिवर्सिटी ने पुलिस ... रायपुर IGKV में तीसरा पेपर भी लीक: 'फंडामेंटल्स ऑफ जेनेटिक्स' परीक्षा पर बवाल, यूनिवर्सिटी ने पुलिस ... सेक्स वर्कर होने के आधार पर नहीं चल सकता आपराधिक केस: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने रद्द की FIR और चार्जशीट,... सब बिक रहा है तो यूपीआई कब तक फ्री रहेगा घर वापस जा रहे इंसान को निगल गया अजगर, "राष्ट्रीय खबर" की रिपोर्ट, देखें वीडियो कर्नाटक में एसआईआर की खामियों की तरफ चर्चा प्रारंभ हुई

Ludhiana Crime: लुधियाना में ‘जागो’ के दौरान चली गोली, दोस्त ही निकला जान का दुश्मन; इलाके में फैली सनसनी

लुधियाना : खुड मोहल्ला में उस समय सनसनी फैल गई जब एक शादी समारोह की खुशियां गोलियों की गड़गड़ाहट में बदल गईं। यहां अपने दोस्त की बहन की जागो के प्रोग्राम में शामिल होने आए सहजप्रीत सिंह को डांस करते समय अचानक गोली लग गई। लेकिन इस मामले में जो सबसे हैरान करने वाला मोड़ आया। जब  गोली लगने के बाद घायल को संभालने की बजाय आरोपियों ने उसे बचाने के नाम पर एक ऐसी साजिश रची जिसने इंसानियत को शर्मसार कर दिया।

पीड़ित के पिता संदीप सिंह ने मीडिया के सामने अपना दर्द बयां करते हुए बताया कि जब उनके बेटे को गोली लगी, तो वहां मौजूद उसके दोस्तों ने परिवार को सूचित करना भी मुनासिब नहीं समझा। आरोपी युवक घायल सहजप्रीत को आनन-फानन में शहर के एक दूर स्थित प्राइवेट अस्पताल ले गए। वहां उन्होंने न केवल अपना और घायल का गलत नाम और पता लिखवाया, बल्कि पुलिस को गुमराह करने की नीयत से अस्पताल प्रशासन को भी अंधेरे में रखा। पिता का आरोप है कि हैवानियत की हद तो तब पार हो गई जब अस्पताल में बिना गोली निकाले ही सहजप्रीत के जख्म पर टांके लगवा दिए गए।

इतना ही नहीं, आरोपियों ने घायल सहजप्रीत को डराया और धमकाया कि वह इस घटना के बारे में किसी को कुछ न बताए। अगले दिन जब पिता को इस पूरी वारदात की भनक लगी तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। पिता संदीप सिंह का कहना है कि उनके बेटे की हालत अभी भी चिंताजनक बनी हुई है क्योंकि गोली अभी भी उसके पेट के अंदर ही है। पीड़ित परिवार ने अब पुलिस प्रशासन के आला अधिकारियों से इंसाफ की गुहार लगाते हुए उन धोखेबाज दोस्तों और संबंधित अस्पताल के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच का शुरू कर दिया है।