Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Amravati News: 108 लड़कियों से दरिंदगी और 350 वीडियो वायरल; जानें अमरावती 'वीडियो कांड' में कैसे बिछ... MP Crime News: झाबुआ में अमानवीयता की सारी हदें पार, महिला का मुंडन कर कंधे पर पति को बैठाकर गांव मे... Cyber Crime News: 'आपका नंबर पहलगाम आतंकी के पास है...' कॉल पर डराकर बुजुर्ग से 73 लाख की ठगी, जानें... Bihar New CM: बिहार में रचा गया इतिहास, सम्राट चौधरी बने पहले BJP मुख्यमंत्री; विजय चौधरी और विजेंद्... Bengal Election 2026: पांच संभाग और BJP का 'साइलेंट मिशन', चुनावी शोर के बीच ऐसे बंगाल फतह की रणनीति... Punjab J&K Dispute: पंजाब और जम्मू-कश्मीर में फिर तकरार, जानें क्या है 1979 का वो समझौता जिसका जिक्र... Punjab News: पंजाब के फतेहगढ़ साहिब में भीषण सड़क हादसा, श्रद्धालुओं से भरी बस पलटने से 6 की मौत, 25... MP Board 10th, 12th Result 2026: आज सुबह 11 बजे जारी होंगे मध्य प्रदेश बोर्ड के नतीजे, यहाँ देखें Di... ED Raid on AAP MP: आम आदमी पार्टी के सांसद अशोक मित्तल के ठिकानों पर ED की रेड, पंजाब से गुरुग्राम त... Chirag Paswan visits Pashupati Paras: अस्पताल में चाचा पशुपति पारस से मिले चिराग पासवान, पैर छूकर लि...

डिप्टी कलेक्टर बना बेटा तो गांव में मनी दिवाली, किराना दुकान पर काम कर सिद्धार्थ ने गाड़ा झंडा

रतलाम: मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा शनिवार रात राज्य सेवा परीक्षा 2023 के फाइनल परिणाम घोषित किए जाने के बाद रतलाम के रावटी गांव में दिवाली मनी है. गांव के बेटे सिद्धार्थ मेहता का चयन डिप्टी कलेक्टर के पद पर होने के बाद परिजन और ग्रामीणों ने आतिशबाजी की और मिठाई बांटकर जश्न मनाया. 28 वर्षीय सिद्धार्थ मेहता (लक्की) ने टॉप 20 मेरिट में 17वां स्थान प्राप्त किया है. शनिवार रात जैसे ही सिद्धार्थ का चयन होने की सूचना गांव में मिली लोगों ने सिद्धार्थ के घर पहुंच कर बधाई और शुभकामनाएं दी है.

किराना दुकान पर काम करते हुए की तैयारी

सिद्धार्थ के पिता शांतिलाल मेहता की गांव में किराना दुकान है, जहां बड़े भाई श्रेयांस और सिद्धार्थ पिता का हाथ बंटाते है. सिद्धार्थ भी तैयारी के साथ दुकान संभालने में मदद करते थे. सिद्धार्थ के पिता शांतिलाल मेहता ने बताया कि “सिद्धार्थ सुबह 10:00 बजे से शाम 5:00 तक दुकान में सहयोग करता था. जिसके बाद वह रात में पढ़ाई करता था. सुबह जल्दी उठकर भी सिद्धार्थ पढ़ाई में जुट जाता था.

सिद्धार्थ ने गांव के शासकीय स्कूल से ही आठवीं तक पढ़ाई की, जिसके बाद रतलाम के प्राइवेट स्कूल में 10th और 12th की पढ़ाई की. बीकॉम में ग्रेजुएशन के बाद सिद्धार्थ ने 2 वर्ष तक इंदौर में रहकर सिविल सर्विसेज की तैयारी की. इसके बाद वह गांव में रहकर ही परीक्षा की तैयारी कर रहा था.”

लगन और विश्वास से हासिल किया मुकाम

डिप्टी कलेक्टर के पद पर चयनित सिद्धार्थ मेहता ने बताया कि “यह उनका अंतिम और छठा प्रयास था, लेकिन उन्हें विश्वास था कि इस बार उनका चयन जरूर होगा. उनका बचपन से ही सपना था कि वह प्रशासनिक सेवा में जाएंगे, जिसे उन्होंने गांव में रहकर कड़ी मेहनत और लगन से हासिल किया है.” मेंस परीक्षा में सिद्धार्थ ने 684 अंक और इंटरव्यू में 175 में से 141 नंबर हासिल कर 17 वीं रैंक प्राप्त की है.

गांव का नाम प्रदेश स्तर पर किया रोशन

बहरहाल आदिवासी अंचल के गांव रावटी के बेटे सिद्धार्थ मेहता ने गांव ही नहीं रतलाम का नाम भी प्रदेश स्तर पर रोशन किया है. सिद्धार्थ के इस खुशी में ग्रामवासी भी शामिल हुए और जमकर सफलता का जश्न भी मनाया है.