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मुर्शिदाबाद सांप्रदायिक हिंसा पर राज्यपाल बोस ने रिपोर्ट भेजी

केंद्रीय सशस्त्र बलों की तैनाती की सिफारिश की गयी

  • गृह मंत्रालय को भेजी गयी है रिपोर्ट

  • पीड़ितों से मिलकर आये थे राज्यपाल

  • बांग्लादेश सीमा पर भी ध्यान दिया जाए

कोलकाताः पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने सीमावर्ती जिले मुर्शिदाबाद पर केंद्रीय गृह मंत्रालय को भेजी एक विशेष रिपोर्ट में केंद्रीय सशस्त्र बलों की तैनाती की सिफारिश की है। आधिकारिक सूत्रों ने बताया, राज्यपाल ने पश्चिम बंगाल के सीमावर्ती जिले मुर्शिदाबाद में केंद्रीय सशस्त्र बलों की तैनाती की सिफारिश की है।

उन्होंने वक्फ बिल विरोधी हिंसा के बाद अपनी यात्रा के आधार पर गृह मंत्रालय को सौंपी एक विशेष रिपोर्ट में यह सिफारिश की। इस हिंसा में तीन लोगों की मौत हो गई थी, कई दुकानें और घर लूटे गए, पुलिस वाहन जलाए गए और सैकड़ों लोगों को अपने घरों से भागने के लिए मजबूर होना पड़ा।

राजभवन के सूत्रों ने बताया कि राज्यपाल ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को वहां के अपने अवलोकन और पीड़तिों के साथ-साथ हरगोविंद दास (72) और उनके बेटे चंदन दास (41) के परिजनों के साथ बातचीत के आधार पर विशेष रिपोर्ट सौंपी। इन दोनों को भीड़ ने पीट-पीटकर मार डाला था।

श्री बोस ने 11 और 12 अप्रैल को मुर्शिदाबाद में हुई हिंसा के एक सप्ताह बाद 18-19 अप्रैल को मालदा और मुर्शिदाबाद का दौरा किया। राज्यपाल ने अपने दौरे के बाद संवाददाताओं से कहा कि लोगों ने मुर्शिदाबाद के सभी संवेदनशील क्षेत्रों में स्थायी सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) शिविरों की तैनाती की मांग की है।

उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री को भेजी अपनी रिपोर्ट में कहा, राज्य में राजनीतिक हिंसा के इतिहास और मुर्शिदाबाद हिंसा के राज्य के अन्य जिलों पर पड़ने वाले प्रभाव को देखते हुए मैं सुझाव देना चाहूंगा कि भारत सरकार न केवल मौजूदा स्थिति पर अंकुश लगाने के लिए बल्कि कानून के शासन में लोगों का विश्वास जगाने के लिए संवैधानिक विकल्पों पर विचार करे।

राज्यपाल ने प्रभावित लोगों की मांग पर भी गौर किया है कि संवेदनशील क्षेत्रों में बीएसएफ की स्थायी तैनाती की जाए क्योंकि जिले की अंतरराष्ट्रीय सीमा बंगलादेश से लगती है। सूत्रों ने बताया कि राज्यपाल की केंद्र को रिपोर्ट में देरी उनके स्वास्थ्य कारणों की वजह से हुई।

वह मुर्शिदाबाद से लौटने के तुरंत बाद बीमार पड़ गए और उन्हें मिलिट्री कमांड अस्पताल और अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया। राज्यपाल ने बंगलादेश से घुसपैठ रोकने और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर बाड़ लगाने तथा स्थिति का नियमित आकलन करने की आवश्यकता पर भी लिखा।श्री बोस ने कहा,  वर्ष 2024 में बंगलादेश में राजनीतिक उथल-पुथल के दौरान वहां से पश्चिम बंगाल में पलायन के प्रयासों में वृद्धि की खबरें थीं ।