Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
LPG Crisis in India: शिरडी से जम्मू तक गैस की भारी किल्लत, सप्लाई चेन ठप होने से बढ़ी मुसीबत; जानें ... दिल्ली में जनजातीय कला का जलवा! 12 दिनों में बिकीं ₹1.25 करोड़ की कलाकृतियाँ; ट्राइब्स आर्ट फेस्ट का... PM Modi Kolkata Rally: बंगाल में अब 'महाजंगलराज' नहीं चलेगा—PM मोदी; ब्रिगेड ग्राउंड से ममता सरकार क... Nitish Kumar Security Breach: बेगूसराय में सीएम नीतीश की सुरक्षा में चूक, हेलीपैड कैंपस में घुसा सां... मुख्यमंत्री सेहत योजना ने बचाई जान! मोहाली की महिला का हुआ फ्री हार्ट ऑपरेशन; ₹4 लाख का खर्च सरकार न... Israel-Lebanon War: लेबनान पर हमले की तैयारी में इजराइल, हिजबुल्लाह के ठिकानों को खत्म करने का पूरा ... PM Modi in Silchar: असम से पीएम मोदी का कांग्रेस पर बड़ा हमला, कहा- पूर्वोत्तर के साथ हुआ सौतेला व्यव... अरब देशों में 'जंग' का साया! सुरक्षित भविष्य के लिए लाखों भारतीयों ने छोड़ीं नौकरियां; सूनी होने लगीं... सोनम वांगचुक आज़ाद! 6 महीने बाद हटा NSA, केंद्र सरकार ने अचानक क्यों बदला अपना फैसला? जानें हिरासत रद... Kolkata Violence: पीएम मोदी की रैली से पहले भारी बवाल, मंत्री शशि पांजा के आवास पर हमला; TMC-BJP कार...

Haryana Electricity Bill: गलत बिलिंग पर राइट टू सर्विस कमीशन सख्त, बिजली उपभोक्ताओं को मुआवजा देने के निर्देश; जानें नया नियम

चंडीगढ़ : हरियाणा राइट टू सर्विस कमीशन ने बिजली बिलिंग से जुड़े 2 अलग-अलग मामलों की सुनवाई करते हुए बिजली वितरण निगमों की कार्यप्रणाली पर कड़ा संज्ञान लिया है और उपभोक्ताओं को मुआवजा देने के निर्देश दिए हैं। अम्बाला जिले से प्राप्त एक शिकायत की सुनवाई करते हुए आयोग ने उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम की बिलिंग प्रणाली में गंभीर खामी पाए जाने पर चिंता जताई।

आयोग ने कहा कि यह आश्चर्यजनक है कि बिलिंग सॉफ्टवेयर में मल्टीप्लाइंग फैक्टर 1 से कम होने के बावजूद 0.1 दर्ज कर लिया गया, जबकि विभागीय अधिकारियों के अनुसार यह फैक्टर 1 से कम नहीं हो सकता। आयोग ने माना कि यदि सॉफ्टवेयर में मल्टीप्लाइंग फैक्टर की सीमा तय की गई होती तो सिस्टम 0.1 को स्वीकार ही नहीं करता। इस संबंध में आयोग ने चीफ इंजीनियर (आई.टी.), उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम को निर्देश दिए हैं कि वे यह स्पष्ट करें कि सिस्टम ने 1 के स्थान पर 0.1 को क्यों स्वीकार किया और इस त्रुटि को दूर करने के लिए क्या सुधारात्मक कदम उठाए गए हैं या प्रस्तावित हैं।