Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Bihar Tourism: अजगैवीनाथ धाम में बनेगा बिहार का एक और ग्लास ब्रिज! 20 करोड़ की लागत से सुल्तानगंज की... Rajasthan SI Recruitment: राजस्थान में 859 सब इंस्पेक्टरों से छिनेगी खाकी! हाई कोर्ट ने रद्द की SI भ... Greater Noida Petrol Pump: पेट्रोल की जगह भरा 'पानी'! ग्रेटर नोएडा में 20 गाड़ियां रास्ते में हुईं बं... Delhi News: दिल्ली में LPG की कालाबाजारी पर बड़ा एक्शन! 22 ठिकानों पर रेड, कई पर FIR दर्ज कानपुर में तेज आंधी-तूफान का तांडव! ऑटो पर गिरा बरगद का पेड़, 2 की मौत Parliament Special Session: महिला आरक्षण पर महाफैसला! संसद में गूंजेगी आधी आबादी की आवाज, जानें पूरी... Trump vs Iran: ट्रंप की ईरान को खुली चेतावनी; 48 घंटे में डील फाइनल करने का दिया कड़ा संदेश Pathankot Crime: पठानकोट में खाकी पर हमला! पुलिस टीम को बनाया निशाना, हमलावरों की तलाश जारी Punjab Politics: 'राज्य को बचाने के लिए साथ आना जरूरी', तरुण चुघ ने पंजाब की स्थिति पर जताई चिंता मंगल ग्रह पर आबादी बसाने की सोच का पहला चरण पूरा

SBI में ‘बड़ी सेंध’! फरीदाबाद में बैंक मैनेजर ने ही साथियों के साथ मिलकर तोड़े ग्राहकों के लॉकर; 8 महीने बाद ऐसे खुला ‘महा-घोटाला’

फरीदाबाद: फरीदाबाद में SBI की सेक्टर-15 स्थित शाखा में लाकर तोड़ने के मामले में पुलिस ने बैंक मैनेजर सहित 4 को हिरासत में लेकर काफी देर तक पूछताछ की। इसके बाद चारों को गिरफ्तार भी कर लिया गया है। इनमें तत्कालीन बैंक मैनेजर प्रीति कटारिया, एके सिंह, भावना नरवाल और वैंडर नीरज शर्मा शामिल है। वैंडर नीरज शर्मा ने अग्रिम जमानत याचिका लगाई थी जिसको कोर्ट ने खारिज कर दिया था।

जानकारी के अनुसार सेक्टर-15ए निवासी चार्टर्ड अकाउंटेंट डीसी गर्ग ने पुलिस को शिकायत देते हुए कहा था कि उनका SBI की सेक्टर-15 ब्रांच में 2014 से लॉकर है। उनका इस बैंक में अकाउंट भी है, जिससे लॉकर की फीस कटती है। उनके पास लाकर की चाबी भी है। उन्होंने लाकर में लगभग एक किलोग्राम सोना और लगभग तीन किलोग्राम चांदी के गहने रखे थे।

उन्होंने आठ महीने पहले ही लाकर आपरेट किया था। उनकी पत्नी नीलम लाकर आपरेट करने गईं, लेकिन बैंक कर्मचारियों ने उन्हें बताया कि उनका लाकर वहां नहीं है। जब उन्होंने लाकर नंबर बताया, तो उन्होंने कहा कि लाकर किसी और के नाम पर रजिस्टर्ड है। जब डीसी गर्ग ने लाकर के अंदर रखे सामान के बारे में पूछा, तो उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिला।

उन्होंने यह भी पूछा कि जब लाकर तोड़ा गया तो क्या प्रक्रिया अपनाई गई, लेकिन फिर से उन्हें कोई सही जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। डीसीपी क्राइम मुकेश मल्होत्रा ने बताया कि चारों को गिरफ्तार कर लिया गया है। दस्तावेजी सबूत बैंक अधिकारियों के खिलाफ है।