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हत्यारे रणजीत सिंह का एनकाउंटर में अंत

गुरदासपुर में दो पुलिसकर्मियों की हत्या के बाद कार्रवाई

राष्ट्रीय खबर

चंडीगढ़ः पंजाब के गुरदासपुर जिले में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई एक भीषण मुठभेड़ में, दो पुलिसकर्मियों की नृशंस हत्या का मुख्य आरोपी रणजीत सिंह मारा गया है। यह कार्रवाई बुधवार सुबह उस समय अंजाम दी गई जब पंजाब पुलिस की एक विशेष टीम आरोपी की धरपकड़ के लिए उसके संदिग्ध ठिकानों पर दबिश दे रही थी। मुठभेड़ के दौरान आरोपी गंभीर रूप से घायल हो गया था, जिसे आनन-फानन में स्थानीय सरकारी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया।

यह घटना उस खौफनाक रात की है जब गुरदासपुर के गांव आदियां स्थित पुलिस चेक पोस्ट को बदमाशों ने निशाना बनाया था। शनिवार और रविवार की दरमियानी रात को हुए इस हमले में होमगार्ड जवान अशोक कुमार और एएसआई गुरनाम सिंह ने ड्यूटी के दौरान अपनी जान गंवा दी थी। बदमाशों ने इन दोनों पुलिसकर्मियों को गोलियों से भून डाला था, जिससे पूरे सीमावर्ती इलाके में दहशत का माहौल पसर गया था। स्थानीय प्रशासन और पुलिस विभाग पर इस दोहरे हत्याकांड के बाद से ही अपराधियों को जल्द से जल्द कानून के दायरे में लाने का भारी दबाव था।

पुलिस ने इस मामले को सुलझाने के लिए एक सघन अभियान चलाया था। जांच के दौरान मंगलवार को पुलिस को पहली बड़ी सफलता तब मिली जब उन्होंने इस साजिश में शामिल एक अन्य आरोपी, दिलावर सिंह निवासी आलीनंगल को गिरफ्तार किया। दिलावर से हुई गहन पूछताछ के दौरान कई अहम खुलासे हुए। उसने स्वीकार किया कि इस वारदात को अंजाम देने में रणजीत सिंह और एक अन्य साथी इंद्रजीत सिंह (निवासी आदियां) की मुख्य भूमिका थी।

दिलावर सिंह से मिली सटीक जानकारी के आधार पर, पुलिस ने रणजीत और इंद्रजीत की धरपकड़ के लिए अपने घेरे को और सख्त कर दिया था। बुधवार सुबह मिली खुफिया जानकारी के बाद पुलिस टीम ने जाल बिछाया, जिसके बाद रणजीत सिंह के साथ मुठभेड़ हुई। हालांकि, मुख्य आरोपी रणजीत सिंह का एनकाउंटर में खात्मा हो चुका है, लेकिन पुलिस अब भी उसके दूसरे साथी इंद्रजीत सिंह की सरगर्मी से तलाश कर रही है।

पुलिस के उच्च अधिकारियों का कहना है कि हत्याकांड में शामिल हर उस व्यक्ति को कड़ी सजा दिलाई जाएगी जिसने खाकी का अपमान किया है और कानून को चुनौती दी है। इस एनकाउंटर के बाद से इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और सर्च ऑपरेशन लगातार जारी है ताकि किसी भी तरह के अप्रिय घटनाक्रम को रोका जा सके।