Breaking News in Hindi

छिंदवाड़ा में धुरंधरों का जमावड़ा, देश के कोने-कोने से पहुंच रहे कबड्डी खिलाड़ी

छिंदवाड़ा: स्वामी विवेकानंद के जन्मदिन के उपलक्ष्य में छिंदवाड़ा में कबड्डी खिलाड़ियों का हुनर देखने को मिलेगा. यहां दशहरा मैदान में अखिल भारतीय कबड्डी प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है. जिसमें देश के कई राज्यों से कबड्डी खिलाड़ी हिस्सा लेने पहुंच रहे हैं. स्वामी विवेकानंद की जयंती के मौके पर जन जागरण मंच के द्वारा हर साल दशहरा मैदान में कबड्डी प्रतियोगिता का आयोजन किया जाता है.

9 से 12 जनवरी तक होंगे कबड्डी के मैच

जन जागरण मंच द्वारा विवेकानंद के जन्मदिन के अवसर पर आयोजित कबड्डी प्रतियोगिता का शुभारंभ 9 जनवरी से हो चुका है. इसकी शुरूआत 36 साल पहले स्व. जयचंद जैन ने की थी. जिसके बाद उनकी स्मृति में हर साल कबड्डी प्रतियोगिता का आयोजन किया जाता है. जन जागरण मंच के मुख्य संयोजक रमेश पोफली ने बताया, ” यह प्रतियोगिता जिला स्तरीय और राष्ट्रीय स्तरीय है, जिसमें 9 और 10 जनवरी को जिला स्तर के खिलाड़ियों का मैच हो रहा है. वहीं, 11 और 12 जनवरी को अखिल भारतीय स्तर के कबड्डी खिलाड़ी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे.

8 राज्यों के खिलाड़ी ले रहे हिस्सा

आयोजन समिति के जी एस आर नायडू ने बताया, “36 सालों से लगातार छिंदवाड़ा के दशहरा मैदान में स्वामी विवेकानंद जयंती के मौके पर अखिल भारतीय कबड्डी प्रतियोगिता का आयोजन किया जाता है. जिसमें देश भर के अलग-अलग प्रदेशों से कबड्डी टीम हिस्सा लेती हैं. इस प्रतियोगिता में उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, गुजरात, महाराष्ट्र, दिल्ली , छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश की टीमें हिस्सा ले रही हैं. प्रतियोगिता में राष्ट्रीय स्तर के निर्णायक अपनी सेवाएं दे रहे हैं. साथ ही जिले और बाहर से आने वाले खिलाड़ियों को हर संभव सुविधाएं प्रदान की जा रही है.”

पारंपरिक खेलों को जिंदा रखने का प्रयास

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि और अनगढ़ हनुमान मंदिर के पुजारी नागेंद्र ब्रह्मचारी ने बताया, “आजकल विदेशी खेलों का देश में चलन ज्यादा बढ़ गया है, लेकिन छिंदवाड़ा का जन जागरण मंच 36 सालों से अपने पारंपरिक और पुराने खेलों को जीवित रखने की परंपरा कायम रखा हुआ है. कबड्डी एक ऐसा खेल है, जिसे खेलो तो किसी और दूसरे व्यायाम या कसरत की जरूरत नहीं होती है. यह भारत का अपना खेल है, जिसमें न तो ज्यादा खर्च की जरूरत होती है और न ही बड़े मैदान की.”

कबड्डी टीम में होते हैं 7 खिलाड़ी

कबड्डी प्रतियोगिता 2 टीमों के बीच में होती है. हर एक टीम में 7-7 खिलाड़ी होते हैं. इसमें एक टीम से 1 रेडर दूसरी टीम के 7 डिफेंडर से मुकाबला करता है. अंक लाने वाले खिलाड़ी को रेडर कहते हैं और बचाव करने वाले खिलाड़ियों को डिफेंडर कहते हैं. अगर रेडर खिलाड़ी सामने वाली टीम के इलाके में पहुंचकर बिना सांस छोड़े खिलाड़ियों को छूकर अपनी लाइन वापस क्रॉस कर लेता है, तो सामने वाली टीम के खिलाड़ी आउट माने जाते हैं. लेकिन अगर डिफेंडर खिलाड़ी रेडर को पकड़ लेते हैं और लाइन क्रॉस नहीं करने देते तो रेडर आउट हो जाता है.