ट्रंप की ज़मीन पर हमले की चेतावनी
वाशिंगटनः अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला के साथ चल रहे तनाव को एक नए और खतरनाक स्तर पर पहुँचाते हुए हाल ही में चेतावनी दी है कि अब जमीन पर भी सैन्य हमले किए जा सकते हैं। यह चेतावनी कैरिबियन सागर में वेनेजुएला की समुद्री गतिविधियों के बाद दी गई है, जहाँ हाल ही में अमेरिकी सैन्य जहाजों और वेनेजुएला के गश्ती जहाजों के बीच तनातनी की कई घटनाएँ सामने आई थीं। ट्रंप प्रशासन लंबे समय से वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के शासन को अवैध मानता रहा है और विपक्षी नेता जुआन गुएडो का समर्थन करता है।
ट्रंप का यह बयान दर्शाता है कि अमेरिका अब केवल आर्थिक प्रतिबंधों और राजनयिक दबाव तक सीमित नहीं रहना चाहता है। ज़मीन पर हमले की धमकी सीधे तौर पर सैन्य हस्तक्षेप की संभावना को इंगित करती है, जो पूरे लैटिन अमेरिका में एक बड़ी अस्थिरता पैदा कर सकता है। अमेरिकी अधिकारियों का मानना है कि मादुरो शासन मानवाधिकारों का घोर उल्लंघन कर रहा है और क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा है। इसके विपरीत, मादुरो प्रशासन इन धमकियों को वेनेजुएला की संप्रभुता पर सीधा हमला और साम्राज्यवादी हस्तक्षेप बताता है।
इस धमकियों के बाद, वेनेजुएला की सेना को हाई अलर्ट पर रखा गया है, और देश की सीमाओं पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। मादुरो ने अपने सैनिकों को किसी भी अमेरिकी आक्रमण का दृढ़ता से जवाब देने का निर्देश दिया है। अंतर्राष्ट्रीय समुदाय, विशेष रूप से मेक्सिको और अर्जेंटीना जैसे क्षेत्रीय शक्तियाँ, दोनों पक्षों से संयम बरतने और समस्या का समाधान शांतिपूर्ण कूटनीति के माध्यम से करने का आग्रह कर रहे हैं। ज़मीन पर हमले की धमकी ने तेल आपूर्ति की चिंता को भी बढ़ा दिया है, क्योंकि वेनेजुएला दुनिया के सबसे बड़े तेल भंडार वाले देशों में से एक है। विशेषज्ञ आशंका व्यक्त कर रहे हैं कि अगर अमेरिका सैन्य कार्रवाई करता है, तो यह मध्य पूर्व की तरह एक और लंबा और जटिल संघर्ष बन सकता है।