Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Muslim Personal Law: शरिया कानून के नियमों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार को नो... Bihar Mukhyamantri Mahila Rozgar Yojana: अब किश्तों में मिलेंगे 2 लाख रुपये, जानें क्या हैं नई शर्ते... Gurugram News: गुरुग्राम जा रही बैंककर्मी महिला की संदिग्ध मौत, 5 महीने पहले हुई थी शादी; पति ने पुल... Bajrang Punia News: बजरंग पूनिया ने हरियाणा सरकार को घेरा, बोले- घोषणा के बाद भी नहीं बना स्टेडियम Sohna-Tawru Rally: विकसित सोहना-तावडू महारैली में धर्मेंद्र तंवर ने किया मुख्यमंत्री का भव्य स्वागत Haryana Crime: महिला बैंककर्मी की हत्या का खुलासा, पति ही निकला कातिल, शक के चलते दी दर्दनाक मौत Faridabad News: फरीदाबाद में DTP का भारी एक्शन, अवैध बैंक्विट हॉल और गेम जोन पर चला 'पीला पंजा' Faridabad News: फरीदाबाद की केमिकल फैक्ट्री में भीषण ब्लास्ट, 48 से ज्यादा लोग झुलसे Punjab Drug Menace: सरेआम चिट्टे का खेल! इंजेक्शन लगाते युवकों का वीडियो वायरल, दावों की खुली पोल Fake Policeman Arrested: पुलिस की वर्दी पहनकर वसूली करने वाला 'फर्जी पुलिसकर्मी' गिरफ्तार

केंद्रीय मंत्रिमंडल का किसानों के लिए दो महत्वपूर्ण निर्णय

धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ा

  • कुल पंद्रह फसलों पर एमएसपी का एलान

  • अश्विनी वैष्णव ने बैठक के बाद बताया

  • किसान क्रेडिट कार्ड में भी सुविधा मिलेगी

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 2025-26 के खरीफ सत्र के लिए धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 69 रुपये बढ़ाकर 2369 रुपये प्रति क्विंटल करने की मंजूरी दे दी है। इसके अलावा, 14 खरीफ फसलों के लिए भी एमएसपी को मंजूरी दी गई है, जिसमें ज्वार, बाजरा, रागी, मक्का, अरहर, मूंग, उड़द, कपास, मूंगफली, सूरजमुखी के बीज, सोयाबीन (पीला), तिल और रामतिल शामिल हैं।

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए संशोधित ब्याज छूट योजना के अंतर्गत ब्याज छूट घटक को जारी रखने और आवश्यक निधि व्यवस्था को मंजूरी दी है। इस योजना के तहत, किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) के माध्यम से 7 प्रतिशत की रियायती ब्याज दर पर 3 लाख रुपये तक के शॉर्ट टर्म लोन मिल सकते हैं। समय पर लोन चुकाने वाले किसान शीघ्र पुनर्भुगतान प्रोत्साहन के रूप में 3 प्रतिशत तक के प्रोत्साहन के पात्र हैं, जिससे उनकी ब्याज दर प्रभावी रूप से 4 प्रतिशत हो जाती है।

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुधवार को कैबिनेट की मीटिंग में लिए गए बड़े फैसलों का ऐलान किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई इस अहम मीटिंग में कैबिनेट ने 2025-26 के खरीफ सत्र के लिए धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 69 रुपये बढ़ाकर 2369 रुपये प्रति क्विंटल करने की मंजूरी दे दी। इसका सीधा मतलब ये हुआ कि इस सीजन में किसानों को 1 क्विंटल धान के लिए कम से कम 2369 रुपये दिए जाएंगे। बताते चलें कि इससे पहले किसानों को 1 क्विंटल धान के लिए न्यूनतम 2300 रुपये मिल रहे थे।

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुधवार को कैबिनेट की मीटिंग में लिए गए बड़े फैसलों का एलान किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई इस अहम मीटिंग में कैबिनेट ने 2025-26 के खरीफ सत्र के लिए धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 69 रुपये बढ़ाकर 2369 रुपये प्रति क्विंटल करने की मंजूरी दे दी।

इसका सीधा मतलब ये हुआ कि इस सीजन में किसानों को 1 क्विंटल धान के लिए कम से कम 2369 रुपये दिए जाएंगे। बताते चलें कि इससे पहले किसानों को 1 क्विंटल धान के लिए न्यूनतम 2300 रुपये मिल रहे थे। मंत्रिमंडल ने विपणन सत्र 2025-26 के लिए 14 खरीफ फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य को मंजूरी दे दी।

इन 14 खरीब फसलों में धान के अलावा ज्वार, बाजरा, रागी, मक्का, अरहर, मूंग, उड़द, कपास, मूंगफली, सूरजमुखी के बीज, सोयाबीन (पीला), तिल और रामतिल शामिल है। 2025-26 के खरीफ सत्र के लिए अरहर का न्यूनतम समर्थन मूल्य 450 रुपये बढ़कर 8000 रुपये प्रति क्विंटल, उड़द का 400 रुपये बढ़ाकर 7800 रुपये प्रति क्विंटल और मूंग का 86 रुपये बढ़ाकर 8768 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया गया है। इन फसलों के लिए एमएसपी की कुल धनराशि 2,07,000 करोड़ रुपये है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ये सुनिश्चित किया गया है कि किसानों को उनकी लागत के ऊपर कम से कम 50 प्रतिशत का मार्जिन मिले।

इसके साथ ही, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने आज वित्त वर्ष 2025-26 के लिए संशोधित ब्याज छूट योजना के अंतर्गत ब्याज छूट घटक को जारी रखने और आवश्यक निधि व्यवस्था को मंजूरी दी। संशोधित ब्याज छूट योजना केंद्र सरकार की एक योजना है जिसका उद्देश्य किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) के माध्यम से किसानों को सस्ती ब्याज दर पर छोटी अवधि के लिए लोन उपलब्ध कराना है।

इस योजना के अंतर्गत किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) के माध्यम से 7 प्रतिशत की रियायती ब्याज दर पर 3 लाख रुपये तक के शॉर्ट टर्म लोन मिले, जिसमें लोन देने वाली पात्र संस्थाओं को 1.5 प्रतिशत ब्याज छूट प्रदान की गई। इसके अलावा, समय पर लोन चुकाने वाले किसान शीघ्र पुनर्भुगतान प्रोत्साहन के रूप में 3 प्रतिशत तक के प्रोत्साहन के पात्र हैं, जिससे किसान क्रेडिट कार्ड लोन पर उनकी ब्याज दर प्रभावी रूप से 4 प्रतिशत हो जाती है।